ललितपुर में हेड कांस्टेबल जितेंद्र यादव बर्खास्त, भ्रष्टाचार से लेकर ब्लैकमेलिंग तक के आरोप; कप्तान पर लगाया दुश्मनी का आरोप

ललितपुर में हेड कांस्टेबल जितेंद्र यादव बर्खास्त, भ्रष्टाचार से लेकर ब्लैकमेलिंग तक के आरोप; कप्तान पर लगाया दुश्मनी का आरोप
बर्खास्त हेड कांस्टेबल जितेंद्र यादव

अनंत न्यूज़ @ललितपुर | जिले में तैनात उत्तर प्रदेश पुलिस के हेड कांस्टेबल जितेंद्र यादव को गंभीर आरोपों के चलते सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है। यह मामला पिछले कुछ समय से विभाग में चर्चा का विषय बना हुआ था। बर्खास्तगी के बाद जितेंद्र यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (Twitter) पर पोस्ट लिखकर जिले के पुलिस कप्तान मोहम्मद मुश्ताक पर व्यक्तिगत दुश्मनी का आरोप लगाया है।

पुलिस विभाग द्वारा जारी जानकारी के अनुसार, जितेंद्र यादव पर 2025 में प्रधान लिपिक शाखा में तैनाती के दौरान छुट्टी के आवेदन के बदले पुलिसकर्मियों से पैसे मांगने का आरोप है। इतना ही नहीं, एक महिला सब-इंस्पेक्टर को अलग-अलग नंबरों से फोन कर मानसिक रूप से प्रताड़ित करने, उसके बारे में अफवाहें फैलाने और छवि धूमिल करने के आरोप भी जांच में सही पाए गए।

मामले की जांच पहले ललितपुर के अपर पुलिस अधीक्षक द्वारा की गई, जिसमें यादव को दोषी पाया गया। इसके बाद झांसी रेंज स्तर पर दोबारा जांच कराई गई। झांसी के अपर पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) की जांच में भी आरोपों की पुष्टि होने पर कार्रवाई करते हुए उन्हें मंगलवार को सेवा से बर्खास्त कर दिया गया।

जांच के दौरान यह भी सामने आया कि जितेंद्र यादव अन्य पुलिसकर्मियों की बातचीत रिकॉर्ड कर उन्हें ब्लैकमेल करता था। इसके अलावा अपराधियों के साथ मिलकर विवादित जमीनों पर कब्जा करने, साजिशन शिकायतें करवाने और विभागीय कर्मचारियों पर दबाव बनाने के लिए अपराधियों से आत्महत्या जैसे स्टेटस लगवाने जैसे गंभीर आरोप भी प्रमाणित हुए हैं।

वहीं, बर्खास्तगी के बाद जितेंद्र यादव ने सोशल मीडिया पर लिखा कि कप्तान मोहम्मद मुश्ताक की “दुश्मनी” के चलते यह कार्रवाई की गई है। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि बर्खास्तगी के साथ तीन साल के न्यूनतम वेतन से जुड़े अतिरिक्त आदेश क्यों दिए गए।

फिलहाल, पुलिस विभाग ने जितेंद्र यादव द्वारा लगाए गए आरोपों को निराधार बताया है और पूरे मामले में कार्रवाई को जांच के आधार पर उचित ठहराया है।