गुना में ईंधन संकट को लेकर कलेक्टर ने संभाला मोर्चा, ऑइल कंपनियों की ली बैठक

रोजाना 4 हजार सिलेंडरों की सप्लाई, पेट्रोल-डीजल भी पर्याप्त

गुना में ईंधन संकट को लेकर  कलेक्टर ने संभाला मोर्चा, ऑइल कंपनियों की ली बैठक
कलेक्टर ने ली ऑइल कंपनियों के अधिकारियों की बैठक।

अनंत न्यूज़ @गुना। पिछले तीन दिनों से गुना जिले में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी गैस की किल्लत को लेकर फैल रही अफवाहों और पेट्रोल पंपों पर उमड़ रही भारी भीड़ के बीच जिला प्रशासन ने स्थिति स्पष्ट कर दी है। गुरुवार को कलेक्ट्रेट कार्यालय में आॅयल कंपनियों के प्रतिनिधियों के साथ एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक करते हुए जिला कलेक्टर किशोर कुमार कन्याल ने नागरिकों को आश्वस्त किया कि जिले में ईंधन और रसोई गैस का पर्याप्त भंडार मौजूद है और पैनिक होने की कोई आवश्यकता नहीं है।

कलेक्टर ने आंकड़ों के माध्यम से जिले की वास्तविक स्थिति साझा की। उन्होंने बताया कि गुना जिले में प्रतिदिन औसतन 3,000 से 3,500 एलपीजी सिलेंडरों की खपत होती है। इसके विपरीत, वर्तमान में प्रशासन और एजेंसियों के पास रोजाना 7,000 से 8,000 सिलेंडरों का स्टॉक उपलब्ध है। गैस सिलेंडर की डिलीवरी पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि सिंगल सिलेंडर कनेक्शन धारकों को बुकिंग के महज 3 से 4 दिनों के भीतर आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है। विशेष परिस्थितियों में यह समय अधिकतम 5-6 दिन हो सकता है, जो पूरी तरह सामान्य है। पेट्रोल और डीजल की उपलब्धता पर कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि शासन के निदेर्शों का पालन करते हुए जिले में 6,000 लीटर पेट्रोल और 6,000 लीटर डीजल का अतिरिक्त 'रिजर्व स्टॉक' हर समय बनाए रखा जा रहा है। मधुसूदनगढ़ जैसे क्षेत्रों में जो छिटपुट समस्याएं आई थीं, उनका तत्काल निराकरण कर दिया गया है।

जमाखोरों पर गिरी गाज, 12 प्रकरण दर्ज

बाजार में कृत्रिम अभाव पैदा करने वालों के खिलाफ प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। कलेक्टर ने बताया कि औचक निरीक्षण और जांच के दौरान 12 ऐसे मामले सामने आए हैं, जहाँ ईंधन की जमाखोरी की जा रही थी। इन सभी मामलों में सख्त कानूनी कार्रवाई की गई है। उन्होंने जिला आपूर्ति अधिकारी श्री अवधेश पांडेय को निर्देश दिए कि वितरण व्यवस्था की सतत निगरानी की जाए और कालाबाजारी करने वालों को किसी भी सूरत में न बख्शा जाए।

समीक्षा बैठक और सुरक्षा के निर्देश

बैठक में इंडियन ऑइल , हिंदुस्तान पेट्रोलियम, भारत पेट्रोलियम, जियो-बीपी और नायरा एनर्जी के विक्रय अधिकारी शामिल हुए। सभी कंपनियों के प्रतिनिधियों ने पुष्टि की कि जिले में ईंधन की आपूर्ति निरंतर और पर्याप्त बनी हुई है। कलेक्टर ने गैस एजेंसियों और पेट्रोल पंपों पर कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के भी निर्देश दिए हैं।

वैश्विक परिस्थितियों का असर और 'पैनिक बाइंग' से बचने की अपील

बीते कुछ दिनों से वैश्विक परिस्थितियों के कारण पेट्रोलियम पदार्थों को लेकर आम जनता में चिंता देखी जा रही थी, जिसका असर गुना के पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारों के रूप में नजर आया। कई स्थानों पर पेट्रोल खत्म होने की भ्रामक सूचनाओं के कारण लोग घबराहट में अनावश्यक खरीदारी (पैनिक बाइंग) कर रहे थे।

कलेक्टर ने जारी की अपील

कलेक्टर ने जिलेवासियों से भावुक अपील करते हुए कहा ईंधन की बचत करना न केवल व्यक्तिगत हित में है, बल्कि राष्ट्रहित में भी आवश्यक है। जिले में पेट्रोल-डीजल की कोई कमी नहीं है, इसलिए अफवाहों पर ध्यान न दें और सामान्य रूप से ही ईंधन का उपयोग करें। संयम बरतें और तनाव मुक्त रहें। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि पंपों पर लगने वाली भीड़ केवल अफवाहों का परिणाम है, न कि आपूर्ति में कमी का। वर्तमान में सभी प्रमुख कंपनियों के पेट्रोल पंपों पर सुचारू रूप से वितरण जारी है।