मध्यप्रदेश में सीट चोरी कर भाजपा ने की लोकतंत्र की हत्या

चुनाव आयोग से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक नहीं मिला एक महिला को न्याय: जयवर्धन सिंह

मध्यप्रदेश में सीट चोरी कर भाजपा ने की लोकतंत्र की हत्या
पत्रकार वार्ता में जानकारी देते जयवर्धन सिंह।

गुना। अनंत न्यूज़

राघौगढ़ विधायक और पूर्व मंत्री जयवर्धन सिंह ने सोमवार को गुना में मीडिया से रूबरू होते हुए भाजपा सरकार और चुनाव आयोग पर तीखा हमला बोला है। मध्यप्रदेश राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन का नामांकन निरस्त किए जाने को उन्होंने सीट चोरी और लोकतंत्र की हत्या करार दिया।

जयवर्धन सिंह ने कहा कि भाजपा अब तक सिर्फ ईवीएम और अन्य तरीकों से वोट चोरी कर रही थी, लेकिन इस बार उसने सीधे तौर पर राज्यसभा की सीट ही चोरी कर ली। कांग्रेस के पास अपनी प्रत्याशी को जिताने के लिए पर्याप्त संख्या बल था, लेकिन एक सोची-समझी रणनीति के तहत गांधीवादी विचारधारा की नेता का फॉर्म खारिज कराकर एक महिला के सांसद बनने का अधिकार छीन लिया गया। जयवर्धन सिंह ने रिटर्निंग ऑफिसर की भूमिका पर गंभीर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि बिना किसी तथ्यात्मक आधार के मीनाक्षी नटराजन का फॉर्म खारिज किया गयाराघौगढ़ विधायक और पूर्व मंत्री जयवर्धन सिंह ने सोमवार को गुना में मीडिया से रूबरू होते हुए भाजपा सरकार और चुनाव आयोग पर तीखा हमला बोला है। मध्यप्रदेश राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन का नामांकन निरस्त किए जाने को उन्होंने सीट चोरी और लोकतंत्र की हत्या करार दिया।। जिस निजी परिवाद का हवाला देकर यह कार्रवाई की गई, उसमें वह अभियुक्त हैं ही नहीं, बल्कि उन्हें केवल प्रतिवादी दिखाया गया है। जनप्रतिनिधित्व अधिनियम की धारा 33ए में स्पष्ट उल्लेख है कि किन मामलों का ब्यौरा देना अनिवार्य है, लेकिन नियमों को पूरी तरह नजरअंदाज कर दिया गया। उन्होंने देश की संवैधानिक संस्थाओं को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि यह लोकतंत्र पर ऐसा कलंक है जहां चुनाव आयोग से लेकर सर्वोच्च न्यायालय तक एक महिला प्रत्याशी को तत्काल न्याय नहीं दे सके। इस नाइंसाफी के खिलाफ कांग्रेस हार नहीं मानेगी और सुप्रीम कोर्ट व जनता की अदालत में आगे भी संघर्ष जारी रखेगी।

विपक्ष की एकजुटता और 2029 का लक्ष्य

देश की राजनीतिक परिस्थितियों पर बात करते हुए राघौगढ़ विधायक ने कहा कि भाजपा लगातार केंद्रीय एजेंसियों के दम पर एनसीपी और शिवसेना जैसे क्षेत्रीय दलों को तोड़ रही है। उन्होंने माना कि क्षेत्रीय दलों के एकजुट न होने के कारण ही भाजपा महज 34 से 35 प्रतिशत वोट पाकर सत्ता में बैठी है, जबकि 65 फीसदी मतदाता उसके खिलाफ हैं। जयवर्धन सिंह ने साफ किया कि इंडिया गठबंधन अब 2029 के आम चुनाव के लिए समय से पहले ही ठोस रणनीति बनाने पर विस्तृत चर्चा कर रहा है। सभी क्षेत्रीय दलों को कांग्रेस के साथ मिलकर मजबूती से लड़ना चाहिए।

ऑनलाइन सिस्टम के पीछे छिपकर खाद की कालाबाजारी कर रही सरकार

किसानों के मुद्दे पर सरकार को आड़े हाथों लेते हुए जयवर्धन सिंह ने खाद और फसल उपार्जन के आॅनलाइन सिस्टम को पूरी तरह विफल बताया। उन्होंने बमोरी के बाघेरी डबल लॉक केंद्र का पदार्फाश करते हुए कहा कि वहां गोदाम में हजारों बोरी डीएपी और यूरिया होने के बावजूद आॅननलाइन पोर्टल पर स्टॉक शून्य दिखाया जा रहा था। जब कांग्रेस ने आपत्ति दर्ज कराई तो दो दिन पोर्टल चालू कर खाद फिर गायब कर दिया गया। शासन के 58 हजार बैग डीएपी उपलब्धता के दावे पर उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर यह खाद किन ब्लैक रक्षकों को बांटी गई, इसकी सूची सार्वजनिक होनी चाहिए। वन अधिकार पट्टाधारी लाखों किसानों को डीएपी कैसे मिलेगा, इसका सरकार के पास कोई स्पष्टीकरण नहीं है।